
जालोर में चर्चित गणपतसिंह हत्याकांड को लेकर चल रहे धरने ने रविवार को नया मोड़ ले लिया, जब अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भूपेंद्रसिंह स्वयं धरना स्थल पर पहुंचे और परिजनों से विस्तृत बातचीत की। उन्होंने मामले की जांच कर रही विशेष जांच टीम (एसआईटी) की प्रगति से परिजनों को अवगत कराया और भरोसा दिलाया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिशें दी जा रही हैं। लेकिन परिजन ने वार्ता के दौरान आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो जाने तक धरना जारी रखेंगे।
क्या है पूरा मामला
गणपतसिंह की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई हत्या के बाद से परिजन न्याय की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। परिजनों का आरोप है कि घटना सुनियोजित थी और नामजद आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी नहीं होने से उन्हें न्याय मिलने में देरी हो रही है। इसी मांग को लेकर परिजनों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी, जिससे मामला और संवेदनशील हो गया।
घटना के बाद पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच एसआईटी को सौंपी। टीम द्वारा संदिग्धों से पूछताछ, तकनीकी साक्ष्य जुटाने और संभावित ठिकानों पर दबिश देने की कार्रवाई जारी है। सूत्रों के अनुसार, पुलिस कॉल डिटेल्स, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी पहलुओं की गहन पड़ताल कर रही है।
धरना स्थल पर वार्ता
धरना स्थल पर पहुंचे एएसपी भूपेंद्रसिंह ने परिजनों से शांति बनाए रखने की अपील की और कहा कि पुलिस इस मामले को अत्यंत गंभीरता से ले रही है। उन्होंने आश्वासन दिया कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और जांच निष्पक्ष व पारदर्शी तरीके से आगे बढ़ रही है। साथ ही उन्होंने परिजनों से भूख हड़ताल समाप्त करने का निवेदन किया।
हालांकि परिजनों ने स्पष्ट कहा कि जब तक नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने शीघ्र कार्रवाई की मांग दोहराते हुए कहा कि उन्हें केवल आश्वासन नहीं, बल्कि ठोस परिणाम चाहिए।
प्रशासन की नजर
धरना स्थल पर पुलिस और प्रशासन की ओर से लगातार निगरानी रखी जा रही है। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात है। प्रशासन की कोशिश है कि बातचीत के जरिए समाधान निकले और माहौल शांतिपूर्ण बना रहे।
फिलहाल पूरे जिले की नजर इस मामले पर टिकी है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि एसआईटी की जांच कब तक निर्णायक परिणाम तक पहुंचती है और क्या परिजनों की मांग के अनुरूप जल्द गिरफ्तारी हो पाती है या नहीं।



